Accident News : लैब असिस्टेंट भर्ती परीक्षा देने जा रहे दो अभ्यर्थियों की बाइक को अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर, एक की मौके पर मौत

लक्ष्मणगढ़ (अलवर)। लैब असिस्टेंट भर्ती परीक्षा देने दौसा जा रहे दो अभ्यर्थियों की बाइक को अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी। इस दर्दनाक हादसे में एक अभ्यर्थी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। यह हादसा शनिवार देर रात Delhi–Mumbai Expressway पर हुआ।
लक्ष्मणगढ़ पुलिस थाने के एएसआई शहजाद खान ने बताया कि कोटपूतली-बहरोड़ जिले के हरसौरा थाना क्षेत्र के गुवाड़ा गांव निवासी योगेंद्र कुमार (28) पुत्र सुनील और अमित कुमार (22) पुत्र सुभाष बाइक पर सवार होकर रविवार को दौसा में आयोजित लैब असिस्टेंट भर्ती परीक्षा देने जा रहे थे।
अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर:-
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, शीतल टोल प्लाजा पर सुरक्षा कर्मियों की कथित लापरवाही के चलते दोनों युवक बाइक सहित एक्सप्रेस-वे पर चढ़ गए। इसके बाद बुटोली के पास तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि योगेंद्र कुमार की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही एनएचएआई की एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायल अमित को तुरंत नजदीकी सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
पुलिस जांच में जुटी:-
हादसे की सूचना मिलते ही लक्ष्मणगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। परिजनों की ओर से अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कराया गया है। पुलिस एक्सप्रेस-वे पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और टक्कर मारकर फरार हुए वाहन की तलाश जारी है। मृतक योगेंद्र अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था और परिवार का एकमात्र सहारा बताया जा रहा है।
नियमों की अनदेखी या सुरक्षा में चूक:-
गौरतलब है कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर दोपहिया वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित है। इसके बावजूद दोनों अभ्यर्थियों का बाइक लेकर एक्सप्रेस-वे पर पहुंचना कई गंभीर सवाल खड़े करता है। यह घटना कहीं न कहीं एक्सप्रेस-वे प्रबंधन और टोल प्लाजा की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवालिया निशान लगाती है।
सवाल यह भी उठ रहा है कि टोल प्लाजा पर सुरक्षाकर्मियों की मौजूदगी के बावजूद यह चूक कैसे हुई। जब दोपहिया और धीमी गति के वाहनों का प्रवेश पूरी तरह वर्जित है, तो शीतल टोल प्लाजा पर तैनात कर्मचारियों ने बाइक को अंदर जाने से क्यों नहीं रोका। साथ ही यह भी जांच का विषय है कि क्या वहां सीसीटीवी निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही बरती जा रही थी।