North Western Railway: बिना टिकट यात्रा पर न्यूनतम जुर्माना 250 से बढ़कर 500 रुपये, जानें पूरी खबर

जयपुर। भारतीय रेलवे ने बिना टिकट यात्रा और रेलवे परिसरों में अनधिकृत प्रवेश पर रोक लगाने के लिए जुर्माने के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। रेलवे प्रशासन ने न्यूनतम जुर्माने की राशि 250 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये कर दी है। यह नया नियम उत्तर पश्चिम रेलवे (एनडब्ल्यूआर) के जयपुर, जोधपुर, अजमेर और बीकानेर मंडलों में तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस फैसले का उद्देश्य बिना टिकट यात्रा पर अंकुश लगाना और रेलवे स्टेशनों पर अनावश्यक भीड़ को कम करना है। अब ट्रेन या स्टेशन परिसर में बिना वैध टिकट पाए जाने पर यात्रियों से न्यूनतम 500 रुपये जुर्माना वसूला जाएगा। इसके अलावा यात्रा की गई दूरी का किराया भी अलग से देना होगा।
रेलवे ने स्पष्ट किया है कि यह नियम केवल बिना टिकट यात्रा करने वालों पर ही लागू नहीं होगा, बल्कि अनियमित टिकट पर यात्रा करने वाले यात्रियों पर भी कार्रवाई की जाएगी। इनमें गलत श्रेणी के टिकट पर सफर करना, रियायती टिकट का दुरुपयोग करना, समाप्त हो चुके मासिक सीजन टिकट (एमएसटी) का उपयोग करना और ऑनलाइन वेटिंग ई-टिकट के निरस्त होने के बाद आरक्षित डिब्बों में यात्रा करना शामिल है।
प्लेटफॉर्म टिकट को लेकर भी रेलवे ने सख्ती बढ़ा दी है। अब बिना प्लेटफॉर्म टिकट के स्टेशन परिसर में प्रवेश करने वाले व्यक्तियों को भी बिना टिकट यात्री माना जाएगा और उनसे 500 रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा।
रेलवे प्रशासन ने जयपुर, जोधपुर, अजमेर, बीकानेर, उदयपुर और आबू रोड सहित प्रमुख स्टेशनों पर विशेष टिकट जांच अभियान शुरू करने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत प्रवेश और निकास द्वारों के साथ-साथ ट्रेनों में भी औचक जांच की जाएगी।
रेलवे ने दैनिक यात्रियों को सलाह दी है कि वे यात्रा से पहले अपने टिकट और एमएसटी की वैधता की जांच अवश्य कर लें। वैध टिकट के बिना यात्रा करने पर अब पहले की तुलना में दोगुना जुर्माना देना पड़ सकता है।