खाजूवाला में नार्को-आर्म्स सिंडिकेट की जांच में नया खुलासा, मध्यप्रदेश से हथियार लाकर राजस्थान में सप्लाई का दावा

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ब्यावर में हुए जानलेवा हमले की जांच के दौरान सामने आया नेटवर्क, खाजूवाला सीमा पर ड्रोन से हेरोइन और हथियार मंगाने के मामले में भी पूछताछ

खाजूवाला। Rkhabar

सीमा क्षेत्र में मादक पदार्थों और हथियारों की तस्करी से जुड़े मामलों की जांच के बीच पुलिस के हाथ कथित नार्को-आर्म्स सिंडिकेट को लेकर अहम जानकारी लगी है। उपलब्ध पुलिस जांच संबंधी जानकारी के अनुसार, ब्यावर पुलिस की जांच में सामने आया है कि कथित सरगना राकेश प्रजापत मध्यप्रदेश से हथियार लाकर राजस्थान सहित प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में उनकी सप्लाई करता था।

बताया जा रहा है कि खाजूवाला अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्र में ड्रोन के जरिए हेरोइन और हथियार मंगाने के मामले में राकेश प्रजापत फिलहाल पुलिस रिमांड पर है। जांच एजेंसियां उसके नेटवर्क, हथियारों की सप्लाई और सीमा पार से होने वाली मादक पदार्थों की तस्करी के कनेक्शन को खंगाल रही हैं।

मध्यप्रदेश से पिस्टल, कारतूस और मैगजीन लाने का दावा

पुलिस जांच के अनुसार राकेश प्रजापत कथित तौर पर मध्यप्रदेश से पिस्टल, कारतूस और मैगजीन लाकर राजस्थान के अलग-अलग हिस्सों में सप्लाई करता था। जांच में यह भी सामने आने का दावा किया गया है कि ब्यावर में 9 अगस्त को हुए जानलेवा हमले के मामले में गिरफ्तार आरोपियों तक हथियार और कारतूस पहुंचाने में राकेश प्रजापत और प्रह्लाद सिंह की भूमिका की जांच की जा रही है।

ब्यावर पुलिस पूछताछ और अब तक जुटाई गई जानकारी के आधार पर इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाल रही है।

खाजूवाला में ड्रोन ड्रॉपिंग मामले से जुड़ा कनेक्शन

खाजूवाला अंतरराष्ट्रीय सीमा पर ड्रोन के जरिए हेरोइन और विदेशी हथियारों की ड्रॉपिंग से जुड़े मामले में भी राकेश प्रजापत पुलिस रिमांड पर है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि हथियारों और मादक पदार्थों की सप्लाई के पीछे कौन-कौन लोग जुड़े हैं और इनका नेटवर्क किन क्षेत्रों तक फैला हुआ है।

पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि मध्यप्रदेश से हथियार लाकर राजस्थान में किन लोगों तक पहुंचाए जाते थे और सीमा क्षेत्र में ड्रोन के जरिए होने वाली तस्करी से इसका कोई संबंध है या नहीं।

22 मुकदमों का भी जिक्र

पुलिस के अनुसार राकेश प्रजापत के खिलाफ पहले से 22 मुकदमे दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। ब्यावर मामले में हथियार सप्लाई के संभावित कनेक्शन के बाद जांच का दायरा बढ़ गया है। पुलिस उसके पुराने आपराधिक मामलों, संपर्कों और कथित नेटवर्क की भी पड़ताल कर रही है।

करोड़ों की हेरोइन और हथियारों के मामलों के बाद जांच तेज

सीमा क्षेत्र में हाल ही में करोड़ों रुपए की हेरोइन और हथियारों से जुड़े मामले सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हैं। जांच का उद्देश्य इस पूरे नेटवर्क की कड़ियों तक पहुंचना और यह पता लगाना है कि मादक पदार्थों तथा हथियारों की तस्करी में कौन-कौन लोग शामिल हैं।

हालांकि, पुलिस जांच पूरी होने और न्यायालय में आरोप सिद्ध होने तक संबंधित व्यक्तियों को आरोपी/कथित रूप से संलिप्त व्यक्ति के रूप में ही देखा जाना चाहिए।

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