ट्रेन हादसे में बीकानेर की महिला की मौत, 15 साल पहले पति का निधन

ट्रेन हादसे में बीकानेर की महिला की मौत, 15 साल पहले पति का निधन
बीकानेर। घेसूरा गांव की रहने वाली बीरमा देवी पत्नी स्वर्गीय गिरधारी गुसाईं की मौत की खबर से पूरे क्षेत्र को शोक की लहर है। घर से बागेश्वर धाम यात्रा पर गई बीरमा देवी अब कभी अपने घर नहीं लौटेंगी। मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में रविवार शाम हुए दर्दनाक ट्रेन हादसे में बीरमा देवी की मौत की सूचना मिलते ही गांव में मातम छा गया और परिजनों के साथ ग्रामीण भी गहरे सदमे में आ गए। बीरमा देवी श्रीगंगानगर के रघुनाथपुरा स्थित अपने पीहर से परिजनों और अन्य महिलाओं के साथ बागेश्वर धाम दर्शन के लिए गई थी। आज वापसी होनी थी, लेकिन उसकी मौत की खबर ने पूरे गांव को शोक में ला दिया है।
करीब 15 वर्ष पहले सड़क दुर्घटना में बीरमा देवी के पति गिरधारी का निधन हो गया था। पति की मौत के बाद परिवार की जिम्मेदारी पूरी तरह बीरमा देवी के कंधों पर आ गई। आर्थिक और सामाजिक चुनौतियों के बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और अकेले दम पर परिवार को संभाला। बीरमा देवी के कोई पुत्र नहीं था। उनकी चार बेटियां हैं, जिनका उन्होंने कठिन परिस्थितियों में पालन-पोषण किया। बेटियों की शिक्षा, परवरिश और विवाह की जिम्मेदारी उन्होंने स्वयं निभाई। ग्रामीण बताते हैं कि उन्होंने मां और पिता दोनों की भूमिका निभाकर बेटियों को बेहतर जीवन देने का प्रयास किया।