Census 2027: राजस्थान में जनगणना की फील्ड प्रक्रिया शुरू, 33 प्रश्नों के जरिए जुटाई जाएगी जानकारी; सीएम भजनलाल साझा करेंगे अहम अपडेट
Census 2027: राजस्थान में जनगणना की फील्ड प्रक्रिया शुरू, 33 प्रश्नों के जरिए जुटाई जाएगी जानकारी; सीएम भजनलाल साझा करेंगे अहम अपडेट
Census 2027: जनगणना-2027 को लेकर प्रदेश में तैयारियां तेज हो गई हैं। शनिवार से राज्यभर में फील्ड गतिविधियों की औपचारिक शुरुआत होगी। इसकी शुरुआत सचिवालय में आयोजित राज्य स्तरीय जनगणना सम्मेलन से की जाएगी। सम्मेलन में संभागीय और जिला स्तर के प्रशासनिक अधिकारियों को विकास योजनाओं में जनगणना की भूमिका और महत्व से अवगत कराया जाएगा। केंद्र सरकार ने जनगणना कार्य के लिए प्रगणक और सुपरवाइजर के रूप में राज्य से करीब 1.60 लाख कर्मचारियों की मांग की है।
शनिवार को होने वाले सम्मेलन में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, देश के जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास और जनगणना कार्य निदेशक बिष्णु चरण मल्लिक मौजूद रहेंगे। जनगणना आयुक्त के साथ सभी संभागीय आयुक्त, जिला कलक्टर और नगर निगम आयुक्त ऑनलाइन माध्यम से बैठक में जुड़ेंगे।
20 फरवरी तक चलेगा प्रशिक्षण अभियान:-
अगले चरण में सोमवार से 20 फरवरी तक जिला स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों का प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा। अतिरिक्त जिला कलक्टर, तहसीलदार और शहरी निकायों के अधिशासी अधिकारियों को दो दिन का प्रशिक्षण दिया जाएगा, जबकि सहायक कर्मचारियों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण सत्र होंगे।
103 मास्टर ट्रेनर और 1257 फील्ड ट्रेनर होंगे तैयार:-
अप्रैल के पहले सप्ताह में 103 मास्टर ट्रेनरों को प्रशिक्षित किया जाएगा। ये मास्टर ट्रेनर तीन दिन के कार्यक्रम के माध्यम से 1257 फील्ड ट्रेनर तैयार करेंगे। इसके बाद मई के पहले सप्ताह में फील्ड ट्रेनर प्रगणकों और सुपरवाइजरों को प्रशिक्षण देंगे। इसी दौरान मोबाइल एप के लिए लॉगिन आईडी भी जारी की जाएंगी।
एक मई से शुरू होगा पहला चरण
- 1 मई से 14 जून तक मकान सूचीकरण किया जाएगा।
- 1 से 15 मई के बीच नागरिकों को स्व-गणना का विकल्प मिलेगा।
- 16 मई से 14 जून तक प्रगणक घर-घर जाकर जानकारी एकत्र करेंगे।
33 सवालों के जरिए जुटेगा डेटा:-
जनगणना के दौरान परिवार के मुखिया, भवन की छत और दीवार की सामग्री, कमरों की संख्या, स्वामित्व की स्थिति, पेयजल और बिजली के स्रोत, शौचालय-बाथरूम की उपलब्धता, ड्रेनेज सिस्टम, रसोई व एलपीजी कनेक्शन, खाना पकाने का ईंधन, अनाज की खपत, रेडियो, टीवी, इंटरनेट, लैपटॉप, कंप्यूटर, मोबाइल, टेलीफोन और वाहन जैसी सुविधाओं सहित कुल 33 बिंदुओं पर जानकारी ली जाएगी।