Crime News: शेयर ट्रेडिंग में मुनाफे का झांसा देकर व्यक्ति से 72 लाख की साइबर ठगी, मामला दर्ज

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चित्तौड़गढ़। जिले में शेयर ट्रेडिंग और आईपीओ में मोटे मुनाफे का झांसा देकर करीब 72 लाख रुपये की साइबर ठगी का मामला सामने आया है। आरोप है कि आईआईएफएल कंपनी की फर्जी सेक्रेटरी बनकर एक महिला ने पीड़ित को अपने जाल में फंसाया और परिवार के सात बैंक खातों से लाखों रुपये ट्रांसफर करवा लिए। मामले में साइबर थाना पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के अनुसार राशमी उपखंड के पहुंना निवासी गोपाल लाल शर्मा को यूट्यूब विज्ञापन और व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से संपर्क किया गया। खुद को आईआईएफएल कंपनी की सेक्रेटरी बताने वाली टीना मल्होत्रा नामक महिला ने शेयर ट्रेडिंग और आईपीओ में 5 से 20 प्रतिशत तक मुनाफे का लालच दिया। इसके बाद पीड़ित से एक फर्जी ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड करवाकर निवेश शुरू कराया गया।

शुरुआत में 25 हजार रुपये निवेश करवाए गए। बाद में लगातार अधिक मुनाफे का भरोसा दिलाकर 2 अप्रैल से 3 जून 2026 के बीच गोपाल शर्मा और उनके परिवार के एसबीआई, बैंक ऑफ बड़ौदा, आईडीएफसी, आईसीआईसीआई, कोटक महिंद्रा और फेडरल बैंक सहित विभिन्न खातों से कुल 71 लाख 97 हजार 900 रुपये अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करवा लिए गए।

पीड़ित ने बताया कि निवेश की गई राशि में होम लोन, पर्सनल लोन, पत्नी चंद्रकला और पिता देवीलाल के खातों की जमा पूंजी के साथ परिचितों से उधार लिए गए रुपये भी शामिल थे।

ठगों ने फर्जी ऐप में करीब 26.31 लाख रुपये का मुनाफा भी दिखाया, लेकिन जब पीड़ित ने राशि निकालने का प्रयास किया तो ऐप पर फिशिंग वॉर्निंग दिखाई दी और अकाउंट का बैलेंस शून्य हो गया। इसके बाद आरोपियों के सभी मोबाइल नंबर बंद मिले।

बाद में आईआईएफएल कंपनी से संपर्क करने पर पता चला कि टीना मल्होत्रा नाम की कोई महिला कंपनी में कार्यरत नहीं है। तब पीड़ित को अपने साथ साइबर ठगी होने का एहसास हुआ।

पीड़ित की शिकायत पर चित्तौड़गढ़ साइबर थाना पुलिस ने आईटी एक्ट की धारा 66डी तथा बीएनएस की धारा 318(4) और 61(2) के तहत टीना मल्होत्रा व आर. वेंकटरमन के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की जांच साइबर थाना प्रभारी मधु कंवर कर रही हैं।

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