सालासर बालाजी मंदिर में मोबाइल और स्मार्ट वॉच के साथ प्रवेश पर रोक, श्रद्धालुओं के लिए नए नियम लागू,

Salasar-Balaji-Mobile-Ban

चूरू। सालासर बालाजी मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं के लिए प्रशासन ने अब नए नियम लागू किए हैं। बता दें कि अब मंदिर परिसर में मोबाइल फोन और स्मार्ट-वॉच के साथ एंट्री नहीं मिलेगी। प्रशासन का कहना है कि इस फैसले से मंदिर में बढ़ रही भीड़ कम होगी, सुरक्षा व्यवस्था बेहतर होगी और मंदिर में बढ़ रही अव्यवस्थाओं पर रोक लगेगी। साथ ही दर्शन व्यवस्था को अधिक सुचारु बनाने और श्रद्धालुओं को बिना किसी बाधा के दर्शन कराने में भी मदद मिलेगी।

सुजानगढ़ उपखंड मजिस्ट्रेट ओमप्रकाश वर्मा ने इस संबंध में आदेश जारी करते हुए मंदिर परिसर में दोनों उपकरणों पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगा दिया है। जारी आदेश में बताया गया है कि दर्शन के दौरान श्रद्धालुओं द्वारा फोटो और वीडियो बनाने से प्रतिदिन जाम और भगदड़ जैसी स्थिति बन जाती है। वहीं लोगों द्वारा मंदिर परिसर में मोबाइल से रील आदि बनाने के कारण मंदिर की पवित्रता भंग होती है। साथ ही मंदिर की सुरक्षा की दृष्टि से भी यह उचित नहीं है।

प्रशासन ने यह भी कहा कि पिछले कुछ समय में सालासर मंदिर परिसर में विभिन्न घटनाएं तथा दर्शनार्थियों व अन्य लोगों द्वारा दुर्व्यवहार की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे मंदिर परिसर में अव्यवस्थाएं उत्पन्न हुई हैं। इन अव्यवस्थाओं और घटनाओं पर नियंत्रण के लिए मंदिर परिसर में स्मार्ट वॉच और मोबाइल प्रतिबंधित करना आवश्यक है। अतः मंदिर परिसर की सुरक्षा तथा अव्यवस्थाओं एवं दुर्व्यवहार जैसी घटनाओं पर नियंत्रण रखने के उद्देश्य से सालासर धाम के मंदिर परिसर में तत्काल प्रभाव से स्मार्ट वॉच और मोबाइल फोन का प्रवेश पूर्णतः प्रतिबंधित किया जाता है।

चूरू जिले में स्थित सालासर बालाजी धाम देश के प्रमुख हनुमान मंदिरों में गिना जाता है। कहा जाता है कि ये दुनिया का एकमात्र ऐसा मंदिर है जहां बालाजी दाढ़ी और मूंछ वाले स्वरूप में विराजमान हैं। मान्यता है कि यहां सच्चे मन से प्रार्थना करने, नारियल बांधने और सवामणी का भोग लगाने से भक्तों की मनोकामनाएं पूरी होती हैं। हर साल देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु सालासर बालाजी के दर्शन के लिए पहुंचते हैं।