एसओजी की बड़ी कार्रवाई: डमी अभ्यर्थी से परीक्षा पास कर बनी वनरक्षक; महिला गिरफ्तार

जयपुर। राजस्थान स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने वनरक्षक भर्ती परीक्षा-2020 में डमी अभ्यर्थी बैठाकर परीक्षा पास करने के मामले में एक महिला को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर रीट भर्ती-2021 में भी अपनी जगह डमी अभ्यर्थी से परीक्षा दिलाने का प्रयास करने का आरोप है, जहां वह पहले ही पकड़ी जा चुकी थी।
एसओजी के अनुसार, आरोपी महिला ने वनरक्षक भर्ती परीक्षा-2020 की वर्ष 2022 में आयोजित लिखित परीक्षा में अपनी जगह डमी अभ्यर्थी को बैठाकर परीक्षा दिलवाई थी। बाद में दस्तावेज सत्यापन और पुलिस सत्यापन के दौरान उसने अपने खिलाफ दर्ज मामले की जानकारी छिपाकर वनरक्षक के पद पर नियुक्ति हासिल कर ली।
एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने बताया कि मामले में वर्ष 2025 में आईपीसी तथा राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा (भर्ती में अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम की धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज किया गया था। जांच के बाद आरोपी प्रमिला को गिरफ्तार कर लिया गया है। फिलहाल उससे पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे की जांच जारी है।
जांच में सामने आया कि आरोपी वर्तमान में सिरोही जिले के जीरावल नाके पर वनपाल के पद पर कार्यरत थी। उसका परीक्षा केंद्र 13 नवंबर 2022 को राजसमंद जिले के कांकरोली स्थित बीएन कॉलेज में था, जहां वह स्वयं परीक्षा देने नहीं पहुंची, बल्कि अपनी जगह डमी अभ्यर्थी को बैठाकर परीक्षा दिलाई।
एसओजी की जांच में यह भी खुलासा हुआ कि प्रमिला ने इससे पहले रीट भर्ती-2021 में भी डमी अभ्यर्थी के जरिए परीक्षा दिलाने का प्रयास किया था। उस दौरान जयपुर के सिंधी कैंप थाना क्षेत्र में परीक्षा से पहले ही मामला पकड़ा गया था और पुलिस ने आरोपी तथा डमी अभ्यर्थी को गिरफ्तार कर लिया था।
इसके बावजूद आरोपी ने वनरक्षक भर्ती के दस्तावेज सत्यापन और पुलिस वेरिफिकेशन के दौरान अपने खिलाफ दर्ज मुकदमे की जानकारी छिपाई और नौकरी जॉइन कर ली। अब एसओजी पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।