बीकानेर में इतने हजार यात्री हुए परेशान, ये वजह आई सामने

5

बीकानेर में इतने हजार यात्री हुए परेशान, ये वजह आई सामने

बीकानेर। परिवहन विभाग की कथित कार्यवाही के विरोध में निजी बस ऑपरेटर्स सोमवार देर रात 12 बजे से अनिश्चितकालीन हड़ताल चले गए है। हड़ताल के चलते जिले में करीब 1500 निजी बसों का संचालन बंद रहा। इससे करीब 20 हजार से अधिक यात्री प्रभावित हुए। बहुत से यात्रियों को बसों का टिकट कैंसिल करवाकर निजी वाहनों, टैक्सियों या फिर ट्रेन में रिजर्वेशन करवाना पड़ा। दूसरी ओर प्राइवेट बसों की हड़ताल शुरू होते ही रोडवेज पर एकाएक यात्रीभार बढ़ गया। ऐसे में बीकानेर डिपो ने खाजूवाला के लिए तीन, जयपुर के लिए सात, फलौदी के लिए तीन अतिरिक्त बसों का संचालन किया।

हालांकि बीकानेर डिपो की लंबी दूरी के लिए कोई नाइट सर्विस नहीं है, लेकिन अजमेर डिपो ने हालही में बीकानेर-अजमेर के बीच बस का संचालन शुरू किया है। यह बस रात 9.15 बजे बीकानेर से चलकर नोखा, नागौर, मेड़ता होते हुए सुबह चार बजे अजमेर पहुंचती है। वहां से सुबह साढ़े दस बजे बीकानेर के लिए रवाना होती है। बीकानेर डिपो के टीआई मदनसिंह ने बताया कि डिपो के पास अनुबंधित को मिलाकर 80 बसें है। हड़ताल को देखते हुए यात्रियों की सहुलियत के हिसाब से रूटों पर बसों के फेरे बढ़ाए जाएंगे ताकि यात्रियों को परेशानी न हो।

प्राइवेट बसों की हड़ताल के चलते गंगानगर सर्किल, पूगल फांटा, म्यूजियम चौराहा, अंबेडकर सर्किल सहित अन्य स्थान जहां से बसों का संचालन होता है। सभी जगह मंगलवार को यात्री गंतव्य पर पहुंचने के लिए टैक्सियां व निजी वाहनों को बुलाते हुए नजर आए। बाहर से आए यात्रियों ने गंतव्य पर पहुंचने के लिए टैक्सियों का सहारा लिया। सबसे ज्यादा दिक्कत स्टूडेंट्स को आईं। उन्हें कई गुना किराया खर्च कर बीकानेर आना-जाना पड़ा।