Attack on Iran: ईरान पर हमला शुरू होने के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का आया बयान, ‘हथियार डाल दो, नहीं तो मौत…’
Attack on Iran: ईरान पर अमेरिका और इजरायल की ओर से बड़े सैन्य हमले की खबर सामने आई है। तेहरान समेत कई शहरों पर 30 से अधिक मिसाइलें दागी गई। ईरान में इस्लामिक रीजिम को खत्म करने के लिए अयातुल्लाह अली खामनेई के ऑफिस और घर पर भी मिसाइल से हमला किया गया।
ट्रंप का सख्त बयान:-
हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान सामने आया। उन्होंने कहा कि अमेरिका ईरान की मिसाइल इंडस्ट्री और नौसैनिक ताकत को बर्बाद कर देगा। ईरान कभी भी परमाणु शक्ति संपंन्न देश नहीं बन सकता है। ईरान 47 सालों से हमें निशाना बना रहा है। ट्रंप ने आगे कहा कि कुछ समय पहले, यूनाइटेड स्टेट्स मिलिट्री ने ईरान में बड़े कॉम्बैट ऑपरेशन शुरू किए। हमारा मकसद ईरानी सरकार से आने वाले खतरों को खत्म करके अमेरिकी लोगों की रक्षा करना है, जो बहुत ही सख्त, भयानक लोगों का एक खतरनाक ग्रुप है। इसकी खतरनाक गतिविधियां सीधे तौर पर यूनाइटेड स्टेट्स, हमारे सैनिकों, विदेशों में हमारे बेस और दुनिया भर में हमारे साथियों को खतरे में डालती हैं।
हमले के बाद इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद ने चली बड़ी चाल:-
हमलों के बाद इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद भी सक्रिय हो गई है। उसने ईरानी जनता से विद्रोह की अपील की है। इस्लामिक रीजिम हटाने के लिए मोसाद ने कहा कि हमने टेलीग्राम पर चैनल बनाया है। मोसाद ने कहा कि हम ईरानी जनता का गौरव वापस लेकर आएंगे।
तेहरान में मौजूद कई देशों के दूतावास खाली:-
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव को देखते हुए कई देशों ने अपने नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। United Kingdom ने तेहरान स्थित अपने दूतावास को अस्थायी रूप से बंद करने की घोषणा की है। वहीं भारत, ब्रिटेन, चीन, ऑस्ट्रेलिया, पोलैंड, फिनलैंड, स्वीडन और सिंगापुर ने भी अपने नागरिकों और राजनयिक कर्मचारियों को सतर्क रहने या संवेदनशील इलाकों से निकलने की सलाह दी है।