RTE Scam: बिना एडमिशन बच्ची के नाम पर हड़पे सरकारी पैसे, फर्जीवाड़े में प्रिंसिपल पर FIR दर्ज
RTE Scam: राजधानी जयपुर के शास्त्री नगर थाना क्षेत्र से शिक्षा व्यवस्था को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। शिक्षा का अधिकार (RTE) योजना, जो गरीब बच्चों को निजी स्कूलों में मुफ्त शिक्षा दिलाने के लिए बनाई गई है, उसमें गड़बड़ी के आरोप लगे हैं।
मामले में एक निजी स्कूल के प्रिंसिपल पर आरोप है कि उन्होंने एक बच्ची का फर्जी प्रवेश दिखाकर सरकार से मिलने वाली पुनर्भरण राशि हड़प ली।
क्या है मामला?
बनीपार्क निवासी गौरव जाटावत ने अपनी बेटी हरिध्या जाटावत के लिए सत्र 2025-26 में RTE के तहत आवेदन किया था। लॉटरी में बच्ची को पानीपेच स्थित संस्कार बाल विद्यालय आवंटित हुआ। लेकिन दूरी और बच्ची की उम्र को देखते हुए परिजनों ने वहां प्रवेश नहीं दिलाया और पास के दूसरे स्कूल में दाखिला करा दिया।
पोर्टल पर खुली पोल:-
जब पिता ने सत्र 2026-27 के लिए दोबारा आवेदन करने की कोशिश की, तो ऑनलाइन पोर्टल पर दिखा कि उनकी बेटी पहले से ही उसी स्कूल में पढ़ रही है, जहां उन्होंने कभी प्रवेश नहीं कराया था। इससे परिजन हैरान रह गए।
प्रिंसिपल पर गंभीर आरोप:-
शिकायत के मुताबिक, स्कूल के प्रिंसिपल बाबूलाल वर्मा ने पुराने आवेदन के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर फर्जी कागजात और हस्ताक्षर तैयार किए। बच्ची को स्कूल में अध्ययनरत दिखाकर RTE के तहत मिलने वाली राशि उठाई गई।
धमकी देने का भी आरोप:-
पीड़ित का कहना है कि जब उन्होंने प्रिंसिपल से जवाब मांगा तो पहले मामले को दबाने की कोशिश की गई और बाद में उन्हें धमकाया गया।
पुलिस ने शुरू की जांच:-
मामले में शास्त्री नगर थाने में प्रिंसिपल के खिलाफ धोखाधड़ी और दस्तावेजों के दुरुपयोग की धाराओं में केस दर्ज किया गया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि इस मामले में शिक्षा विभाग के किसी कर्मचारी की भूमिका तो नहीं है और क्या अन्य बच्चों के नाम पर भी इसी तरह की गड़बड़ी की गई है।