राजस्थान में तहसीलदार ने रिश्वत में मांगा AC और प्रति बीघा 10 हजार, ACB ने हजारों रुपए घूस लेते 3 लोगों को दबोचा
ACB Action in Bhilwara: भीलवाड़ा जिले के आसींद क्षेत्र की अंटाली तहसील में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (इंटेलिजेंसी) अजमेर की टीम ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन लोगों को गिरफ्तार किया। लीज डीड जारी करवाने के बदले 60 हजार रुपए की रिश्वत लेने के आरोप में अंटाली तहसीलदार गणेश कच्छावा, पंजीयक बाबू हनुमान सहाय मीणा और ई-मित्र संचालक हेमराज खटीक को पकड़ा गया।
जानकारी के अनुसार परिवादी ने अंटाली तहसील के जवानपुरा क्षेत्र में अपनी फर्म के लिए लीज पर ली गई जमीन की लीज डीड रजिस्ट्रेशन कराने के लिए ई-मित्र संचालक हेमराज खटीक से संपर्क किया। हेमराज ने उसे बताया कि इस काम के लिए पहले तहसीलदार गणेश कच्छावा से मुलाकात करनी होगी।
बाद में दोबारा मिलने पर ई-मित्र संचालक ने कहा कि वह साहब से मीटिंग करवा देगा। उसने यह भी बताया कि तहसीलदार ने एक एसी और प्रति बीघा 10 हजार रुपए की मांग रखी है। इसके बाद परिवादी ने इसकी शिकायत भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो से की।
शिकायत मिलने पर एसीबी अजमेर (इंटेलिजेंसी) के पुलिस अधीक्षक महावीर सिंह राणावत के निर्देशन में निरीक्षक कंचन भाटी के नेतृत्व में टीम ने कार्रवाई की योजना बनाई। शिकायत का सत्यापन होने के बाद एसीबी टीम अंटाली पहुंची।
योजना के तहत परिवादी ने अंटाली तहसील कार्यालय के सामने स्थित ई-मित्र केंद्र पर हेमराज खटीक को 60 हजार रुपए की रिश्वत दी। हेमराज ने यह रकम अपनी टेबल की दराज में रख दी। इसी दौरान एसीबी टीम ने मौके पर पहुंचकर उसे रंगे हाथों पकड़ लिया और रिश्वत की रकम बरामद कर ली।
पूछताछ और बातचीत के आधार पर तहसीलदार गणेश कच्छावा को भी गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं जांच के दौरान तहसील कार्यालय के पंजीयक बाबू हनुमान सहाय मीणा की भूमिका भी सामने आई, जिसके बाद उसे भी हिरासत में ले लिया गया। फिलहाल एसीबी की टीम तीनों आरोपियों से पूछताछ कर आगे की जांच में जुटी हुई है।